पाकिस्तान में संस्कृत की पढ़ाई: साझा विरासत की ओर एक ऐतिहासिक कदम

पाकिस्तान में 77 साल बाद लौटी संस्कृत: साझा विरासत की ओर एक ऐतिहासिक कदम

1947 के विभाजन के बाद पहली बार पाकिस्तान के उच्च शिक्षा संस्थानों में संस्कृत भाषा की ऐतिहासिक वापसी हुई है। लाहौर यूनिवर्सिटी ऑफ मैनेजमेंट साइंसेज (LUMS) ने इस शास्त्रीय भाषा में चार क्रेडिट का एक नियमित कोर्स शुरू किया है, जिसे छात्रों से बहुत अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है। इस अद्भुत पहल का श्रेय मुख्य … Read more

विश्वबंधुत्व की ओर सेतु: यहूदी परंपरा, उदारवादी चिंतन और संवाद की साझा राह

वर्तमान संदर्भों में ग्लोबल साउथ या दक्षिण एशिया के चिंतकों के लिए यह और भी आवश्यक हो गया है कि हम यहूदियों को और गहनता से Decode करें ! ✍️लेखक: सुनील दत्त, पूर्व डायरेक्टर, पंजाबी साहित्य अकादमी जब भी विश्व राजनीति में इज़राइल, फ़िलिस्तीन या पश्चिम एशिया की चर्चा होती है, तो “ज़ायोनिस्ट” और “यहूदी” … Read more

The Namghar tradition of Srimanta Sankardev of Assam became a symbol of Hindu-Muslim brotherhood.

✍️Author: Sunil Dutt, Former Director, Punjabi Sahitya Academy, Haryana In the 15th century, Assam was struggling with superstition, caste discrimination, and religious divisions. During this period, a visionary saint guided society towards love and equality — he was Srimanta Sankardeva. Sankardeva stands among India’s greatest saints, poets, and reformers who transformed religion into a synonym … Read more

The Kabali Raid of 1947: A Forgotten Chapter of Sikh Suffering and Sacrifices for Country

✍️ Er Sandeep Singh Srinagar  The partition of British India in 1947 and the hurried accession of the princely state of Jammu & Kashmir plunged the region into a complex and violent struggle. Among the most dramatic events of that era was the tribal invasion often referred to as the “Kabali Raid”  in late October 1947. … Read more

Sir Ganga Ram: आधुनिक लाहौर के निर्माता और महान दानवीर की अनकही कहानी

सर गंगाराम सिर्फ एक इंजीनियर नहीं थे — वे लाहौर के निर्माता, समाजसेवी और मानवता के सच्चे सेवक थे। उनके बिना लाहौर की कल्पना अधूरी है। लेखक: सुनील दत्त, पूर्व डायरेक्टर पंजाबी साहित्य अकादमी  कौन थे सर गंगाराम? सर गंगाराम न केवल ब्रिटिश भारत के एक महान सिविल इंजीनियर थे, बल्कि एक क्रांतिकारी समाजसेवी और दूरदर्शी योजनाकार … Read more

केलाशा: पाकिस्तान की धरती पर शेष वैदिक संस्कृति का अन्तिम दीपक

✍️Lieutenant. Preeti Mohan क्या आप कल्पना कर सकते हैं कि पाकिस्तान की पर्वतीय घाटियों में आज भी वेदों की अनुगूँज सुनाई देती है? वहां आज भी ढोल की थाप पर गीत गूंजते हैं — न ऋतिक रोशन के डांस पर, न बॉलीवुड के शोर पर, बल्कि सूर्य, अग्नि और प्रकृति देवताओं की स्तुति पर। यह … Read more

गिलगित-बाल्टिस्तान: ज़मीनी हक़ और मानवाधिकारों के लिए उठती आवाज़ें

✍️Lieutenant. Preeti Mohan पाकिस्तान के गैरक़ानूनी प्रशासनिक नियंत्रण वाले क्षेत्र गिलगित-बाल्टिस्तान में हाल ही में ज़बरदस्त जनआंदोलन देखने को मिला है। कारण है – मानवाधिकारों के लिए आवाज़ उठाने वाले Advocate एहसान अली और Awami Action Committee (AAC) के अन्य कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी। इन्हें राजद्रोह और घृणा फैलाने जैसे गंभीर आरोपों में गिरफ़्तार किया गया … Read more

Yoga and Meditation Session Brings Wellness and Connection to Vancouver’s Jewish Community

source: facebook Vancouver, Canada – May 22, 2025: ✍️Lieutenant. Preeti Mohan In a heartfelt initiative promoting health, mindfulness, and cross-cultural harmony, a comprehensive yoga and meditation session was conducted today for the Jewish community in Vancouver. The event, held in a peaceful and inclusive setting, attracted individuals of all ages and backgrounds from the community, who … Read more

पाकिस्तान: एक देश या एक फौज की छावनी?

भारतीय मीडिया को पाकिस्तान की जगह “पाकिस्तान कैंट” (छावनी) शब्द का प्रयोग करना चाहिए पाकिस्तान एक ऐसा देश है, जहां सैन्य और खुफिया एजेंसियां, विशेष रूप से पाकिस्तानी सेना और आईएसआई, देश के राजनीतिक, आर्थिक और सामाजिक ताने-बाने पर गहरा प्रभाव डालती हैं। यह प्रभाव इतना अधिक है कि अक्सर यह कहा जाता है कि … Read more

कट्टरपंथ से कोसों दूर रहने वाला एकमात्र मुस्लिम देश

✍️Lieutenant. Preeti Mohan कोसोवो एक मुस्लिम देश है, लेकिन इसकी संस्कृति और जीवनशैली में पाश्चात्य प्रभाव काफी देखा जा सकता है। इस देश की राजधानी प्रिस्टिना में एक जीवंत नाइटलाइफ है, जिसमें बार, क्लब और रेस्तरां शामिल हैं। कोसोवो के लोगों ने पश्चिमी संस्कृति को अपनाया है, खासकर युवा पीढ़ी में यह प्रभाव अधिक देखा … Read more